Sunday, May 16, 2021
- Advertisement -

किसानों को मिलेगा कूपन, फ्री में खरीद सकेंगे जरूरत का सामान, टिकरी बॉर्डर पर खुला किसान मॉल

Must Read

वैलंटाईन डे मनाने का अनोखा तरीका,मालगाड़ी के नीचे पहुंच गया प्रेमी जोड़ा, फोटो देखकर आएगा मजा

वैलंटाईन डे को प्यार के दिन के तौर पर मनाया जाता है। इस दिन दुनिया भर में प्रेमी जोड़े...

अलग ही मिट्टी के बने तुषार, 17 साल तक असफलताओं से लड़े, अब बने जज

लोग दो या तीन साल की मेहनत के बाद सफल नहीं होते है तो वह टूट जाते है। लोग...

शहर घूमने सडक़ों पर निकला कोबरा तो रूक गया ट्रैफिक, घटना का वीडियो वायरल

वन्य जीवों के शहर में घूसने के मामले आए दिन सामने आते रहते हैं। कभी तेंदुआ तो कभी कोई...

New Delhi: नए कृषि कानून को लेकर किसान आंदोलन का शुक्रवार को 30वां दिन था। एक माह पूरे हो चुके इस आंदोलन में यूं तो कई उतार-चढ़ाव आए। लेकिन बीच का रास्ता नहीं निकल पाया है। ऐसे में किसान अपनी पुरानी बात को दोहराते हुए कहते हैं कि वह तब तक घर वापस नहीं लौटेंगे, जब तक केंद्र की मोदी सरकार नए कृषि कानून को रद्द नहीं करती है। गौर करने वाली बात यह है कि किसानों को धरना प्रदर्शन सिंधु बॉर्डर, टिकरी बॉर्डर, गाजीपुर बॉर्डर सहित दिल्ली से सटे सभी बॉर्डरों पर किया जा रहा है। वहीं प्रदर्शनकारी किसानों के लिए देशभर से समर्थन भी मिल रहा है। जो किसानों के हौसले को बुलंद कर रहा है। इसका अंदाजा आप इसी बात से लगा सकते हैं कि किसानों के समर्थन में उन्हें बेहतर सुविधा देने के मकसद से टिकरी बॉर्डर पर किसान मॉल खोल दिया गया है। मॉल में सभी जरूरत के सामान को रखा गया है।

कूपन मिलेगा किसान को, जिससे खरीदेंगे सामान

ani


टिकरी बॉर्डर पर बनाए गए किसान मॉल में जरूरत के हिसाब से सामान रखा गया है। किसान इस मॉल से अपनी पसंद की चीजें खरीद सकते हैं , जिसके लिए उन्हें पैसे देने की जरूरत नहीं। किसानों के लिए यह सेवा बिल्कुल मुफ्त है।

खालसा एड के द्वारा बनाया गया किसान मॉल
टिकरी बॉर्डर पर किसान मॉल की सुविधा खालसा एड के द्वारा दी जा रही है। स्टोर संचालक गुरु चरण सिंह ने बताया कि किसानों के लिए मॉल में जरूरत के हिसाब से सामान रखा गया है। किसान को मॉल से सामान लेने के लिए पैसे नहीं देने पड़ेंगे। इसके लिए किसानों को कूपन दिया जाएगा। वह जब भी मॉल आते हैं तो कूपन दिखाकर सामान खरीद सकते हैं।
संशोधन पर बात नहीं-किसान
धरने पर डटे किसानों ने फिर से अपनी बात दोहराई है। किसानों ने कहा कि सरकार बिल में संशोधन पर बैठक करना चाहती है, परंतु हम सीधे बिल रद्द करने के लिए बातचीत करना चाहते हैं।

किसी ने अपनी शादी छोड़ी तो किसी ने पीठ पर गुदवाए नाम
किसानों को समर्थन देने के लिए एक शख्स ने पुलवामा में शहीद हुए जवानों के नाम गुदवाए हैं। वहीं दूसरी तरफ एक शख्स ने पंजाब में अपनी शादी को कैंसल कर दिया। वह सीधे किसान आंदोलन में अपना समर्थन देने के लिए पहुंच गया है।

- Advertisement -

Latest News

वैलंटाईन डे मनाने का अनोखा तरीका,मालगाड़ी के नीचे पहुंच गया प्रेमी जोड़ा, फोटो देखकर आएगा मजा

वैलंटाईन डे को प्यार के दिन के तौर पर मनाया जाता है। इस दिन दुनिया भर में प्रेमी जोड़े...
- Advertisement -

और भी पढ़े

- Advertisement -